ऑनलाइन शिक्षा में विद्यार्थी प्रेरणा और अकादमिक निरंतरता को प्रभावित करने वाले कारक
DOI:
https://doi.org/10.63345/Keywords:
विद्यार्थी प्रेरणा, शैक्षणिक निरंतरता, ऑनलाइन शिक्षा, स्वनियमन, डिजिटल थकान, शिक्षक-संवादAbstract
ऑनलाइन शिक्षा ने उच्च शिक्षा में अध्ययन की समयगत और स्थानगत सीमाओं को कम किया है, किंतु विद्यार्थी प्रेरणा और शैक्षणिक निरंतरता बनाए रखना अभी भी एक गंभीर शैक्षिक चुनौती है। वर्तमान अध्ययन का केंद्रीय तर्क यह है कि ऑनलाइन अधिगम में निरंतरता केवल तकनीकी उपलब्धता से निर्धारित नहीं होती, बल्कि प्रेरणा, स्वनियमन, शिक्षक-संवाद, सामाजिक जुड़ाव और डिजिटल थकान के संयुक्त प्रभाव से विकसित होती है। पूर्ववर्ती अध्ययनों में इन कारकों को प्रायः पृथक-पृथक देखा गया है, जबकि इनके पारस्परिक प्रभाव तथा समय के साथ बदलती प्रेरणात्मक अवस्था पर अपेक्षाकृत कम ध्यान दिया गया है। इसी शोध-अंतर को ध्यान में रखते हुए अध्ययन में एक बहुआयामी प्रेरणा–निरंतरता रूपरेखा प्रस्तावित की गई है, जिसमें व्यक्तिगत, शिक्षण-संबंधी, सामाजिक और तकनीकी कारकों को एकीकृत रूप से समझा गया है। अध्ययन विशेष रूप से यह जांचने का प्रस्ताव करता है कि स्वनियोजित अध्ययन व्यवहार और शिक्षक की समयोचित शैक्षणिक सहायता किस प्रकार प्रारंभिक प्रेरणा को दीर्घकालिक शैक्षणिक निरंतरता में परिवर्तित करती है। इसके साथ ही डिजिटल थकान, मूल्यांकन दबाव और सामाजिक अलगाव को प्रेरणा में गिरावट के संभावित मध्यवर्ती कारकों के रूप में शामिल किया गया है। प्रस्तावित दृष्टिकोण से ऑनलाइन पाठ्यक्रमों में विद्यार्थी उपस्थिति, कार्य-पूर्णता, अध्ययन-सातत्य और पाठ्यक्रम पर बने रहने की प्रवृत्ति को अधिक सूक्ष्म रूप से समझा जा सकेगा। अध्ययन के निष्कर्ष ऑनलाइन शिक्षण के लिए ऐसी विद्यार्थी-केंद्रित रणनीतियों के विकास में उपयोगी हो सकते हैं जो केवल सहभागिता बढ़ाने के बजाय दीर्घकालिक शैक्षणिक निरंतरता को सुदृढ़ करें।









